तमिलनाडु के तिरुवल्लूर जिले से एक बेहद दर्दनाक और भयावह औद्योगिक हादसे की खबर सामने आई है। यहाँ स्थित एक सीफूड प्रोसेसिंग यूनिट (सीफूड पैकेजिंग कंपनी) में अचानक हुए अमोनिया गैस रिसाव (Ammonia Gas Leak) के कारण दम घुटने से 7 महिला मजदूरों की मौत हो गई। इस गैस की चपेट में आने से कई अन्य कर्मचारियों की हालत बेहद गंभीर बनी हुई है। आधिकारिक जानकारी के मुताबिक, कम से कम 67 श्रमिकों को विभिन्न अस्पतालों में भर्ती कराया गया है, जिनमें से करीब 7 मरीजों की नाजुक स्थिति को देखते हुए उन्हें वेंटिलेटर सपोर्ट पर रखा गया है।

मेजर वाल्व से हुआ रिसाव, उत्तर भारत के प्रवासी मजदूर बने शिकार
यह भीषण हादसा तिरुवल्लूर के पेरियापालयम के निकट कन्निगापैर गांव में स्थित ‘सेंट पीटर्स एंड पॉल सीफूड्स एक्सपोर्ट्स फैक्ट्री’ में हुआ। प्रारंभिक जांच और फॉरेंसिक रिपोर्ट में सामने आया है कि अमोनिया गैस का रिसाव फैक्ट्री के कोल्ड स्टोरेज सिस्टम में लगाए गए एक मेजर वाल्व (मुख्य वाल्व) के खराब होने या फटने के कारण हुआ।
हादसे का शिकार हुए अधिकांश लोग उत्तर भारत के अलग-अलग राज्यों (जैसे बिहार, यूपी और झारखंड) से तमिलनाडु आए प्रवासी श्रमिक (Migrant Labourers) हैं। गैस लीक होते ही फैक्ट्री परिसर में चीख-पुकार और अफरातफरी मच गई। हवा में अमोनिया घुलने के कारण कई मजदूरों को सांस लेने में भारी परेशानी, आंखों में जलन, चक्कर आना, मतली और लगातार उल्टी जैसी दिक्कतों का सामना करना पड़ा, जिसके बाद उन्हें तुरंत एंबुलेंस के जरिए नजदीकी निजी और सरकारी अस्पतालों में शिफ्ट किया गया।
कंपनी के खिलाफ सख्त कार्रवाई: मालिक गिरफ्तार, हाई-लेवल जांच के आदेश
इस गंभीर लापरवाही को देखते हुए तमिलनाडु सरकार ने त्वरित और सख्त कदम उठाए हैं। पुलिस ने संबंधित धाराओं के तहत कंपनी प्रबंधन के खिलाफ एफआईआर (FIR) दर्ज कर ली है और फैक्ट्री के मुख्य मालिक को गिरफ्तार कर लिया गया है। इसके अलावा कंपनी के कुछ अन्य वरिष्ठ अधिकारियों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया है।
गैस रिसाव के सटीक तकनीकी कारणों का पता लगाने के लिए राज्य सरकार ने डीन डॉक्टर शांताराम की अध्यक्षता में एक उच्च स्तरीय जांच समिति का गठन किया है, जिसे जल्द से जल्द विस्तृत रिपोर्ट सौंपने की जिम्मेदारी दी गई है। घटना की गंभीरता को देखते हुए तिरुवल्लूर जिले के प्रभारी मंत्री कुमार ने दोनों निजी अस्पतालों का दौरा किया, घायलों का हालचाल जाना और डॉक्टरों को बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
राज्यपाल राजेंद्र आर्लेकर ने जताया गहरा शोक
तमिलनाडु के राज्यपाल राजेंद्र आर्लेकर ने इस औद्योगिक त्रासदी पर गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने राजभवन से जारी संदेश में कहा कि कन्निगापैर गांव की फैक्ट्री में अमोनिया गैस रिसाव के कारण मासूम लोगों की जान जाना बेहद हृदयविदारक है। राज्यपाल ने मृतकों के शोक संतप्त परिजनों के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त की हैं और अस्पतालों में उपचाराधीन सभी घायल श्रमिकों के शीघ्र और पूर्ण रूप से स्वस्थ होने की प्रार्थना की है।
