प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की वैश्विक लोकप्रियता और उनके अनूठे अंदाज का असर अब सिर्फ राजनीति तक सीमित नहीं है, बल्कि इंटरनेट के फूड कल्चर पर भी इसका गहरा प्रभाव देखने को मिल रहा है। हाल ही में पीएम मोदी के इटली दौरे के दौरान एक दिलचस्प वाकया सामने आया। उन्होंने इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी को बचपन की यादों से जुड़ी मशहूर ‘मेलोडी’ टॉफी गिफ्ट की। इस मुलाकात की तस्वीरें और वीडियो सामने आते ही सोशल मीडिया पर ‘मेलोडी’ जबरदस्त रूप से ट्रेंड करने लगी। लोग मेलोडी खाते हुए, उसे दूसरों को गिफ्ट करते हुए वीडियो और मजेदार मीम्स शेयर करने लगे, जिससे यह टॉफी रातों-रात इंटरनेट का हॉट टॉपिक बन गई।

पीएम मोदी का जिक्र और फूड आइटम्स का वायरल होना
यह पहली बार नहीं है जब प्रधानमंत्री मोदी की वजह से किसी खाने-पीने की चीज की इतनी व्यापक चर्चा हुई हो। इससे पहले भी कई मौकों, चुनावी रैलियों और कूटनीतिक मुलाकातों के दौरान पीएम मोदी के एक बयान या जिक्र से कई देसी व्यंजन वायरल हो चुके हैं।
हाल ही में पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के दौरान बंगाल का मशहूर स्ट्रीट फूड ‘झालमुड़ी’ सोशल मीडिया की सुर्खियों में आ गया था। पीएम मोदी ने अपनी चुनावी सभाओं के भाषणों में इसका विशेष रूप से जिक्र किया था, जिसके बाद इंटरनेट पर झालमुड़ी से जुड़े पोस्ट और वीडियो की बाढ़ आ गई थी। लोगों ने इसे बंगाल की सांस्कृतिक पहचान और चुनावी माहौल से जोड़कर देखा था।

जब हुनर हाट में पीएम ने चखा ‘लिट्टी-चोखा’ का स्वाद
इसी तरह साल 2020 में बिहार का पारंपरिक व्यंजन ‘लिट्टी-चोखा’ भी राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बना था। 19 फरवरी 2020 को पीएम मोदी ने दिल्ली के इंडिया गेट (राजपथ) पर आयोजित ‘हुनर हाट’ का अचानक सरप्राइज दौरा किया था। इस दौरान उन्होंने वहां स्टॉल पर बैठकर स्वादिष्ट लिट्टी-चोखा खाया और कुल्हड़ वाली गर्म चाय का आनंद लिया था। पीएम मोदी द्वारा सोशल मीडिया पर इसकी तस्वीरें साझा करते ही लिट्टी-चोखा पूरे देश में ट्रेंड करने लगा था।
सोशल मीडिया यूजर्स का मानना है कि पीएम मोदी की अनूठी शैली के कारण साधारण से दिखने वाले खाद्य पदार्थ भी एक बड़े इंटरनेट कल्चर का हिस्सा बन जाते हैं। अब मेलोडी, झालमुड़ी और लिट्टी-चोखा जैसी चीजें सिर्फ स्वाद तक सीमित नहीं रहीं, बल्कि सोशल मीडिया की वायरल लिस्ट में शुमार हो चुकी हैं।
