वर्तमान समय में आधार कार्ड हर भारतीय नागरिक के जीवन का एक अनिवार्य और सबसे महत्वपूर्ण दस्तावेज बन चुका है। नया बैंक खाता खुलवाने से लेकर, मोबाइल सिम कार्ड खरीदने और विभिन्न सरकारी कल्याणकारी योजनाओं का लाभ उठाने तक, हर छोटे-बड़े काम में आधार का इस्तेमाल होता है। लेकिन व्यापक उपयोग के साथ ही इसके दुरुपयोग का खतरा भी बढ़ गया है। क्या आप जानते हैं कि आपकी जानकारी के बिना आपके आधार कार्ड या आपके बायोमेट्रिक (अंगूठे के निशान) का कहीं गलत इस्तेमाल तो नहीं हो रहा है?

भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) देश के नागरिकों को एक बेहद खास सुरक्षा सुविधा देता है। इसके जरिए आप आसानी से यह जान सकते हैं कि पिछले 6 महीनों में आपके आधार का इस्तेमाल कहां-कहां और कब किया गया है।
ऑनलाइन आधार ऑथेंटिकेशन हिस्ट्री चेक करने का स्टेप-बाय-स्टेप प्रोसेस:
अपने आधार का इतिहास जानने की प्रक्रिया बेहद सरल है और इसे घर बैठे ऑनलाइन पूरा किया जा सकता है:
स्टेप 1: सबसे पहले यूआईडीएआई की आधिकारिक वेबसाइट https://myaadhaar.uidai.gov.in/ पर जाएं।
स्टेप 2: इसके बाद अपने आधार नंबर और मोबाइल पर आए ओटीपी (OTP) दर्ज करके पोर्टल पर लॉगिन करें।
स्टेप 3: लॉगिन होने के बाद होमपेज पर दिख रहे ‘ऑथेंटिकेशन हिस्ट्री’ (Authentication History) वाले विकल्प पर क्लिक करें।
स्टेप 4: यहाँ आप पिछले 6 महीने की समयावधि और ऑथेंटिकेशन का प्रकार (जैसे- बायोमेट्रिक, डेमोग्राफिक या ओटीपी) चुनकर अपनी पूरी रिपोर्ट स्क्रीन पर देख सकते हैं।
हिस्ट्री रिपोर्ट में आपको कौन-कौन सी जानकारियां मिलेंगी?
जब आप अपनी ऑथेंटिकेशन हिस्ट्री डाउनलोड या चेक करेंगे, तो आपको निम्नलिखित महत्वपूर्ण विवरण दिखाई देंगे:
प्रमाणीकरण का प्रकार: आपको साफ-साफ दिखेगा कि आपके आधार का उपयोग बायोमेट्रिक (अंगूठे या उंगलियों के निशान), आईरिस (आंखों की पुतली) या केवल ओटीपी (OTP) के जरिए किया गया है।
सटीक समय और तारीख: किस तारीख को और ठीक किस समय आपके आधार को प्रमाणित (Authenticate) किया गया था, इसकी सटीक टाइमिंग दर्ज होगी।
संस्था का नाम: सबसे महत्वपूर्ण बात यह कि किस सरकारी विभाग, बैंक, वित्तीय संस्थान या टेलीकॉम कंपनी ने आपका आधार डेटा एक्सेस किया है, उस संस्था का नाम भी रिपोर्ट में स्पष्ट रूप से लिखा होगा।
फ्रॉड से बचने के लिए अपने बायोमेट्रिक्स को ऐसे करें लॉक:
यदि आप चाहते हैं कि आपके अलावा कोई भी व्यक्ति या हैकर आपके अंगूठे के निशान का गलत इस्तेमाल न कर सके, तो आप अपने बायोमेट्रिक्स को पूरी तरह से सुरक्षित कर सकते हैं। इसके लिए आप ‘माय आधार’ (myAadhaar) पोर्टल या ‘mAadhaar’ मोबाइल ऐप में जाकर ‘लॉक/अनलॉक बायोमेट्रिक्स’ के विकल्प को चुन सकते हैं। एक बार लॉक होने के बाद आपके बायोमेट्रिक का इस्तेमाल बंद हो जाएगा। जब भी आपको खुद कहीं (जैसे बैंक या रजिस्ट्री ऑफिस में) अंगूठा लगाना हो, तो आप इसे तुरंत 10 मिनट के लिए ऑनलाइन ही अनलॉक भी कर सकते हैं, जो काम होने के बाद स्वतः फिर से लॉक हो जाता है।
गड़बड़ी दिखने पर तुरंत करें ये काम:
अगर ऑथेंटिकेशन हिस्ट्री चेक करते समय आपको कोई भी ऐसा संदिग्ध लेनदेन या प्रमाणीकरण दिखाई देता है जो आपने नहीं किया है, तो बिल्कुल भी लापरवाही न बरतें। ऐसी स्थिति में आप तुरंत यूआईडीएआई के आधिकारिक हेल्पलाइन नंबर 1947 पर कॉल करके इसकी सूचना दें। इसके अलावा, आप यूआईडीएआई के ऑनलाइन पोर्टल पर जाकर भी अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं, ताकि समय रहते वित्तीय धोखाधड़ी को रोका जा सके और दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा सके।
