वैश्विक बाजारों में जारी उथल-पुथल के बीच भारतीय सर्राफा बाजार में सोना और चांदी की कीमतों में गिरावट का सिलसिला लगातार जारी है। सप्ताह के तीसरे कारोबारी दिन यानी बुधवार को मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) और घरेलू हाजिर बाजार दोनों ही जगहों पर कीमती धातुओं के दामों में भारी गिरावट दर्ज की गई। जहाँ चांदी के भाव में एक झटके में 4,000 रुपये प्रति किलो से अधिक की बड़ी गिरावट आई, वहीं 24 कैरेट सोना भी प्रति 10 ग्राम 600 रुपये से ज्यादा फिसल गया।

MCX पर चांदी ₹4,428 टूटी, सोना भी हुआ धड़ाम
मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर बुधवार को कारोबार की शुरुआत में 3 जुलाई की एक्सपायरी वाली चांदी की वायदा कीमत पहले उछलकर 2,72,628 रुपये प्रति किलो पर पहुँची थी। लेकिन इसके बाद बाजार में अचानक बिकवाली का दौर शुरू हुआ और चांदी अपने पिछले बंद 2,70,628 रुपये से सीधे गिरकर 2,66,200 रुपये प्रति किलोग्राम पर आ गई। इस तरह चांदी के दाम में एक ही दिन में 4,428 रुपये की बड़ी गिरावट दर्ज की गई। इस सप्ताह के महज 3 कारोबारी दिनों में ही चांदी 5,646 रुपये प्रति किलो तक सस्ती हो चुकी है। वहीं, जनवरी के अपने ऑल-टाइम हाई लेवल (4,57,328 रुपये) के मुकाबले चांदी अब तक 1,91,128 रुपये प्रति किलो तक सस्ती हो चुकी है। दूसरी ओर, 5 जून की एक्सपायरी वाला वायदा सोना भी अपने पिछले बंद 1,57,616 रुपये प्रति 10 ग्राम से फिसलकर बुधवार को 1,56,953 रुपये पर आ गया। इस ताजा गिरावट के बाद सोना अपने रिकॉर्ड हाई लेवल (2,02,984 रुपये) से 46,031 रुपये प्रति 10 ग्राम कम भाव पर मिल रहा है।

दिल्ली और घरेलू बाजार (IBJA) का हाल
इंडियन बुलियन ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) की आधिकारिक वेबसाइट के मुताबिक, घरेलू हाजिर बाजार में भी आज बड़ी हलचल रही। 24 कैरेट शुद्ध सोना पिछले बंद 1,57,611 रुपये से गिरकर 1,57,040 रुपये प्रति 10 ग्राम पर आ खुला। वहीं, हाजिर चांदी की कीमत में भारी गिरावट आई और यह मंगलवार के बंद 2,66,213 रुपये प्रति किलो से सीधे 4,503 रुपये सस्ती होकर 2,61,710 रुपये प्रति किलो पर खुली।
क्यों आ रही है सोने-चांदी के दामों में गिरावट?
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, इस बड़ी गिरावट के पीछे मुख्य रूप से दो कारण हैं:
जियो-पॉलिटिकल (भू-राजनीतिक) तनाव और मजबूत डॉलर: अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते कूटनीतिक विवाद, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की सख्त चेतावनियों और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पर बढ़ते तनाव के चलते वैश्विक बाजार में अमेरिकी डॉलर (Dollar Index) मजबूत हो रहा है। डॉलर की मजबूती हमेशा सोने और चांदी की कीमतों पर दबाव बनाती है।
मुनाफावसूली (Profit Booking): ऊंचे स्तरों पर पहुँचने के बाद निवेशकों द्वारा बड़े पैमाने पर की जा रही मुनाफावसूली की वजह से भी घरेलू और वैश्विक बाजारों में सोने-चांदी के दाम नीचे आ रहे हैं।
